दहेज लेना और देना दोनों कानूनन अपराध है फिर भी सैकड़ों महिलाएं इससे हैं ग्रसित, सरकार को मजबूत पहल करने की है जरूरत।

दहेज नहीं देने पर महिला को ससुराल वालों ने किया घर से बाहर, गुहार लगाने पहुंचे एसएसपी कार्यालय

रिपोर्ट–शयामानंद सिंह भागलपुर

भागलपुर दहेज लेना कानूनन अपराध है यह शायद कागज पर ही लिखे जाने के लिए बना है, राज्य सरकार हो या केंद्र सरकार दहेज लेन देन नहीं करने के लिए लोगों को प्रेरित करने के लिए कई जागरूकता कार्यक्रम कर रही हैं लेकिन हर दिन दहेज से प्रताड़ित महिलाएं आपको एसएसपी कार्यालय एसपी कार्यालय डीआईजी कार्यालय में मिल जाएंगी, ऐसा ही मामला भागलपुर के एसएसपी कार्यालय से सामने आया है जहां मुंगेर गनगनिया की एक महिला रूबी मंडल अपनी फरियाद लेकर पहुंची उन्होंने कहा मेरे पति राहुल मंडल ससुर अजीत मंडल देवर मनीष मंडल और मेरी सास मुझे दहेज के लिए काफी प्रताड़ित करती है, मैं दहेज नहीं दे पाई तो मुझे घर से निकाल दिया गया, उन्होंने बताया मेरी शादी 2017 में अंतरजातीय प्रेम विवाह निबंधन कार्यालय में कोर्ट के तहत हुआ था, मेरी 3 साल की एक बेटी भी है ,वही शादी के 3 माह तक सब कुछ ठीक चला फिर ससुराल वाले दहेज की मांग करने लगे नहीं देने पर गाली गलौज और मारपीट भी करने लगे इतना ही नहीं मुझे जान से मारने की भी कोशिश की गई और अंततः मुझे ससुराल पक्ष के सभी लोगों ने मिलकर दहेज नहीं देने के चलते घर से निकाल दिया, वही आज अपनी जान माल की गुहार लगाने और अपना इंसाफ मांगने के लिए एसएसपी कार्यालय पहुंची हूं ।
ऐसी एक नहीं अनेकों दहेज के लिए प्रताड़ित महिलाएं आपको अपने समाज में दिख जाएंगी और राज्य सरकार या केंद्र सरकार की यह कानून यहीं पर ध्वस्त दिखती है जहां उन्होंने कानून में साफ तौर पर लिखा है

दहेज लेना और देना कानूनन अपराध है”

,अब देखने वाली बात यह होगी कि कब ऐसे दहेज से प्रताड़ित सभी लाचार महिलाओं को मजबूत आधार मिल पाता है।

Spread the love